प्रामाणिक संदर्भ: BAWS Vol. 3, p. 66 सत्यापित मूल स्रोत

“न्याय ने हमेशा समानता और उचित प्रतिफल के विचारों को जागृत किया है। निष्पक्षता (equity) का अर्थ ही समानीकरण है।”

— डॉ. बी. आर. आंबेडकर
भारतीय संविधान के निर्माता एवं महान समाज सुधारक
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि एवं संदर्भ:

Verified philosophical thesis from Philosophy of Hinduism defining the essential conceptual identity between justice, equity, and human equality.