“एक महान व्यक्ति एक प्रख्यात व्यक्ति से एक ही बिंदु पर भिन्न हैं कि महान व्यक्ति समाज का सेवक बनने के लिए तत्पर रहता हैं।”
— डॉ. बी. आर. आंबेडकर
भारतीय संविधान के निर्माता एवं महान समाज सुधारक
Delivered on 18 January 1943 at the Gokhale Memorial Hall, Poona, on the 101st birthday celebration of Justice Mahadev Govind Ranade.